Showing posts with label Shayari. Show all posts
Showing posts with label Shayari. Show all posts
Tuesday, April 05, 2011

Aankhen

Hothon ne jiska zikr na kiya ho,
Aankhen unka paigaam deti hain |
Duniya se unko chupaaye kaise,
Har dhadkan unka hi toh naam leti hai |
Monday, February 07, 2011

Gunaah

Jaane kya gunaah ho gaya humse,
Ki woh yun khafa ho gaye,
Hum to haal-e-dil bayaan kar rahe the,
Par shayad unke jazbaat samajhna bhool gaye |
Saturday, May 15, 2010

हमारी ज़हानत

क्या समझोगे आप हमारी ज़हानत को,
आपसे नाता हम तोड्द देंगे |
ना बर्दाश्त करेंगे ऐसी ज़िल्लत,
एक दिन इस दुनिया को ही छोडद देंगे |
Monday, April 12, 2010

आंसू

कितने ही आंसू झलके हैं,
कितना ही रोया है दिल,
ईतनी चाहत से जो पाने निकले थे,
वोह ना हुआ हासिल |
Sunday, April 04, 2010

या खुदा

या खुदा सुन ले मेरी पुकार,
सिर्फ तुझी से रखता हूँ मैं आस |
पूरी कर दे मेरी मोहब्बत,
या बुला ले अपने पास |
Wednesday, March 31, 2010

बारिश में भींग जाने दो |

आज मुझे बारिश में भींग जाने दो,
फिर उस गीली मिट्टी की खुश्बू को महसूस करने दो,
कब तक रोक के रखोगे,
कभी तो इस दर्द में थोड़ी उमंग भरने दो!
Tuesday, November 17, 2009

तन्हाई

दोसतों के बीच भी क्यूँ खोया खोया सा रहता हूँ,
अपनों के बीच भी क्यूँ तन्हाई महसूस करता हूँ,
यह कैसा असर है आपकी जुदाई का,
कि दुनिया जीतने पर भी हार महसूस करता हूँ |

इस शेर में हमारी मदद करने के लिए Shreenivasan, Nipanjana, Sutapa और Shailesh को हमारी तरफ़ से धन्यवाद |

Cross-posted on:
Monday, November 09, 2009

घायल

यूँ तो हम निकल पड़े थे येह दुनिया जीतने,
पर आखरी पड़ाव पर हार गए |
ऐसा लगा आपका तीर निशाने पर,
चोट दिल पे लगी और हम घायल हो गए |

Cross-posted on:
Thursday, October 08, 2009

मेरी ज़िन्दगी

जो पाने निकला था वोह मिला नहीं,
जो मिला उसे रख सका नहीं,
यह कैसी अजीब कहानी है मेरी ज़िन्दगी की,
कि जिससे सब पाया उसे हासिल कर सका नहीं |

Cross-posted on:
Tuesday, August 04, 2009

प्यार में दर्द

प्यार खुशी देती है, दर्द भी, प्यार हँसी देती है, आंसू भी,
प्यार मिलने की उम्मीद देती है, बिछड़ने का गम भी
आप नसीबवाले होंगे जो आपको आपके प्यार ने खुशी दी,
पर हमें तो इस प्यार ने देवदास बना दिया और शायर भी |

Cross-posted on:

कभी

कभी आना किसी बहाने से,
फ़िर ना जाना किसी बहाने से,
हम तो भुला ना सके कभी आपको,
पर आप कभी हमें ना भुलाना किसी बहाने से |

Cross-posted on:
Wednesday, July 29, 2009

क्यूँ

क्यूँ तुम ख्वाबों ख्यालों में आती हो,
आकर चैन और नींदें उदा ले जाती हो,
हमने तो आपके बगैर जीने की कोशिश शुरू ही की थी,
क्यूँ हमें हराकर मौत की और खींच ले जाती हो |
Tuesday, July 28, 2009

आपकी खुशी

एक और शायरी ख़ास आपके लिए ...

यह हवा आपकी हँसी की ख़बर देती है,
मेरे दिल को खुशी से भर देती है |
खुदा सलामत रखे आपकी हँसी को,
क्यूँकी आपकी खुशी हमें खुश कर देती है |

Cross-posted on:
Tuesday, June 23, 2009

याद

आज मौसम बड़ा सुहाना है, और हमारा mood बड़ा शायराना है ! इसलिए अर्ज़ किया है....

हर वक्त मैं तुझे याद करता हूँ,
हर लम्हे में तुझे जिया करता हूँ,
अब तो यकीन कर लो मेरे वफाओं को,
नहीं तो मांग लो मेरे मौत की दुआओं को |

और इस शायरी के एक दीवाने, Shreenivasan, का सुहाना जवाब...

क्यूँ फालतू में मुझे याद करता है,
खामखा हिचकियाँ क्यूँ दिलाता है,

मरना है तो ऐसे ही मर जाओ,
दुआ मुझसे करवाके, मुझे पापी क्यूँ बनाता है |
Tuesday, June 02, 2009

दिल का दर्द

Found this randomly somewhere:

दिल के दर्द को जुबाँ पर लाते नहीं,
हम अपनी आंखों से आंसू बहाते नहीं,
ज़ख्म चाहे कितने ही गहरे क्यूँ ना हो,
हम DETTOL के सिवा कुछ लगाते नहीं.
Wednesday, May 27, 2009

तुम्हारे जनाज़े पर रोये

कोई दिखा के रोये,
कोई छुपाके रोये,
पर मौत का असली मज़ा तो तब आये
जब कातिल खुद तुम्हारे जनाज़े पर रोये |
Tuesday, August 28, 2007

क्या तुम्हें याद है

क्या तुम्हें याद है,
बारिश की वोह रात ,

जब हम चल पड़े थे

हाथों में लेकर हाथ ?

वोह बारिश में टपकती
बूंदों की आवाज़,

वोह आकाश में गरजते
बादलों का साज़!

हम दोनों कुछ खोये से
कुछ घबराए से थे,
और राह ना देख पाने के कारण
असमंजस में थे !

क्या करे क्या ना करें
यह सोचने लगे,
और धीरे धीरे एक दूसरे
के करीब आने लगे!

फ़िर कहीं से एक आवाज़ आई
जिसमें तेरा नाम था,
पलट के देखा तो
खड़ा तेरा बाप था!

अब आगे लिखते हुए
मेरी आंखों में आंसू आ जाते हैं,
अस्पताल में बिताये हुए
वोह पल याद आ जाते हैं !!

About Me

My Photo
Abhishek Saha
Lucknow, Uttar Pradesh, India
A NRB (Non Resident Bengali) or rather a 'Probashi Bangali'; born in Kolkata, brought up in Jamshedpur and now trying to make his mark at IIM Lucknow.
View my complete profile

Lord reads

Lord's Followers

Lord's visitors

Lord's tweets

    follow me on Twitter
    Powered by Blogger.